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गंगाजल आपूर्ति पाइपलाइन में भ्रष्टाचार के कारण डाली कमज़ोर पाइप, जिम्मेदार अधिकारियों पर हो एक्शन

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ग्रेटर नोएडा। कपिल चौधरी

प्राधिकरण में आए दिन नए-नए घोटाले उजागर होते रहते हैं। काम छोटे हो या बड़े सभी में अधिकारियों को अपना हिस्सा दिखाई देता है। अपने हिस्से के चक्कर में कार्य की गुणवत्ता से समझौता किया जाता है। जिसके परिणाम आम जनता को भुगतने ने पड़ते हैं आए दिन नए-नए परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसी एक बड़ी समस्या गंगाजल आपूर्ति में आ रही है जब भी गंगाजल की आपूर्ति शुरू की जाती है तभी पाइपलाइन में लीकेज होनी शुरू हो जाती है। यह पाइपलाइन फट जाती है।

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों ने गंगाजल की आपूर्ति में आ रही समस्या को दूर करने के लिए दिल्ली आईआईटी का सहारा लिया है। अब अपने ही द्वारा की गई समस्या को ठीक करने के लिए दोबारा से पैसा खर्च करके समस्या का हल ढूंढा जा रहा है। जानकारों का कहना है की पाइपलाइन में कमजोर पाइप लगाई गई है। जैसे ही पानी का प्रेशर छोड़ा जाता है वैसे ही पाइपलाइन कमजोर जगह से फट जाती है।

भ्रष्टाचार के कारण ही आज ग्रेटर नोएडा के निवासियों को गंगाजल नहीं मिल पा रहा है। जल विभाग के अधिकारियों के भ्रष्टाचार के कारण ही कमजोर पाइपलाइन डाली गई और प्राधिकरण को बड़े आर्थिक नुकसान की ओर धकेला गया। जो जो अधिकारी इसमें सम्मिलित है उनको चिन्हित उन पर कार्रवाई की जाए। उन्ही से आर्थिक नुकसान की भरपाई की जाए।