Supertech Eco Village-1: 30 फीट गहरे गड्ढे का ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने किया निरीक्षण, बिल्डर को 4 दिन में सुरक्षा इंतजाम पूरे करने के निर्देश
- sakshi choudhary
- 15 Jul, 2026
ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित सुपरटेक इको विलेज-1 सोसाइटी में पिछले लंबे समय से खुले पड़े करीब 25 से 30 फीट गहरे गड्ढे को लेकर उठी चिंता के बाद ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण हरकत में आ गया है। मामले को प्रमुखता से सामने आने के बाद मंगलवार को प्राधिकरण की टीम ने मौके का निरीक्षण किया। वरिष्ठ प्रबंधक प्रभात शंकर अपनी टीम के साथ सोसाइटी पहुंचे और गड्ढे के आसपास मौजूद सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि कुछ स्थानों पर बैरिकेडिंग और सुरक्षा इंतजाम पर्याप्त नहीं हैं, जिससे स्थानीय निवासियों, खासकर बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर खतरा बना हुआ है। प्राधिकरण ने इसे गंभीरता से लेते हुए तत्काल आवश्यक सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ प्रबंधक प्रभात शंकर ने बिल्डर प्रबंधन को प्राथमिकता के आधार पर सुरक्षा संबंधी सभी आवश्यक कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि टावर डी-5 के सामने लगी बैरिकेडिंग को पूरी तरह ग्रीन नेट से कवर किया जाए, जहां बैरिकेड क्षतिग्रस्त हैं उनकी तुरंत मरम्मत कराई जाए, पूरे इलाके में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था (लाइटिंग) सुनिश्चित की जाए और लोगों को सतर्क करने के लिए आवश्यक चेतावनी एवं सुरक्षा संबंधी साइनबोर्ड लगाए जाएं। प्राधिकरण का कहना है कि इन उपायों का उद्देश्य किसी भी संभावित दुर्घटना को रोकना और सोसाइटी के निवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सुरक्षा मानकों का पालन न होने पर नाराजगी भी जताई और निर्देशों के तत्काल पालन पर जोर दिया।
वहीं, सुपरटेक इको विलेज-1 के चीफ एस्टेट मैनेजर संदीप सिंह ने प्राधिकरण को लिखित आश्वासन दिया कि सोसाइटी प्रबंधन के दायरे में आने वाले सभी सुरक्षा संबंधी कार्य अगले चार दिनों के भीतर पूरे कर दिए जाएंगे। कार्य पूरा होने के बाद तस्वीरों सहित विस्तृत कम्प्लायंस रिपोर्ट भी ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को सौंपी जाएगी। दूसरी ओर, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की एसीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस ने बताया कि निवासियों की सुरक्षा को देखते हुए इंजीनियरों की टीम को मौके पर भेजा गया था और एस्टेट मैनेजर को आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि सभी कार्य पूरे होने के बाद उनकी समीक्षा की जाएगी और यदि निर्देशों का पालन नहीं हुआ तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई भी की जा सकती है।