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ग्रेटर नोएडा में नाले की खुदाई के दौरान बड़ा हादसा, जमीन धंसने से दुकान और निर्माणाधीन दो मंजिला मकान गिरे

ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर थाना क्षेत्र के तिलपता गांव में गुरुवार को नाले की खुदाई के दौरान बड़ा हादसा हो गया। जेसीबी मशीन से चल रहे खुदाई कार्य के बीच अचानक जमीन धंस गई
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ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर थाना क्षेत्र के तिलपता गांव में गुरुवार को नाले की खुदाई के दौरान बड़ा हादसा हो गया। जेसीबी मशीन से चल रहे खुदाई कार्य के बीच अचानक जमीन धंस गई, जिससे नाले के किनारे बनी एक दुकान और उसके पास स्थित निर्माणाधीन दो मंजिला मकान कुछ ही सेकंड में भरभराकर गिर गए। हादसे के दौरान वहां से गुजर रही बिजली की लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई, जिसके कारण तारों में तेज चिंगारियां उठने लगीं। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। राहत की बात यह रही कि जिस समय यह हादसा हुआ, उस वक्त दुकान और निर्माणाधीन भवन के आसपास कोई मौजूद नहीं था, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। पूरी घटना आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हो गई, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार नाले की सफाई और चौड़ीकरण का कार्य लंबे समय से चल रहा था और खुदाई के दौरान मिट्टी कमजोर पड़ने से यह हादसा हुआ।


प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि जेसीबी द्वारा लगातार खुदाई किए जाने के कारण नाले के किनारे की जमीन अपनी पकड़ खो बैठी। देखते ही देखते पहले जमीन धंसी और फिर दुकान व निर्माणाधीन दो मंजिला मकान मलबे में तब्दील हो गए। भवन गिरते ही बिजली के तार टूट गए और आपस में टकराने से तेज चिंगारियां निकलने लगीं, जिससे आसपास मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत बिजली विभाग और पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद संबंधित विभागों की टीमें मौके पर पहुंचीं। बिजली आपूर्ति को तत्काल बंद कराया गया ताकि कोई दूसरा हादसा न हो। ग्रामीणों और स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया कि घनी आबादी वाले इलाके में खुदाई कार्य के दौरान पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई थी। उनका कहना है कि नाले की खुदाई शुरू करने से पहले बैरिकेडिंग, सुरक्षा घेरा और आसपास मौजूद भवनों की मजबूती का तकनीकी आकलन किया जाना चाहिए था, जिससे इस तरह की घटना को रोका जा सकता था।

घटना की सूचना मिलने पर सूरजपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे क्षेत्र को सुरक्षित करते हुए मलबे वाले हिस्से को घेर लिया। पुलिस ने घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है और संबंधित विभागों से भी रिपोर्ट मांगी जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार फिलहाल इस हादसे में किसी व्यक्ति के घायल होने या जानमाल के नुकसान की सूचना नहीं है, लेकिन यह घटना निर्माण कार्यों के दौरान सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह हादसा कुछ समय बाद होता, जब दुकान खुली होती या निर्माण स्थल पर मजदूर काम कर रहे होते, तो बड़ा हादसा हो सकता था। प्रशासन अब पूरे मामले की जांच कर रहा है और यह पता लगाया जा रहा है कि खुदाई कार्य में सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं। इस घटना ने एक बार फिर घनी आबादी वाले क्षेत्रों में चल रहे निर्माण और खुदाई कार्यों के दौरान सुरक्षा प्रबंधन की आवश्यकता को उजागर कर दिया है।