Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण पर किसानों का धरना, मांगों को लेकर प्रदर्शन! सपा कार्यकर्ता भी हुए शामिल

विभिन्न मांगों को लेकर किसान संघर्ष मोर्चा के नेतृत्व में कई किसान संगठनों ने बुधवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया।
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विभिन्न मांगों को लेकर किसान संघर्ष मोर्चा के नेतृत्व में कई किसान संगठनों ने बुधवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में अलग-अलग गांवों से आए किसानों के साथ समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता भी शामिल हुए। किसानों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की और प्राधिकरण कार्यालय में प्रवेश करने का प्रयास किया, लेकिन मौके पर तैनात पुलिस बल ने उन्हें रोक दिया। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्राधिकरण कार्यालय के आसपास भारी पुलिस बल तैनात रहा। कई घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद किसान वापस लौट गए। किसान संगठनों ने मांगें पूरी होने तक प्रतिदिन धरना जारी रखने का निर्णय लिया है। 


किसान नेता रूपेश वर्मा ने बताया कि भूमि अधिग्रहण से जुड़े नए कानून को संसद से मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में इसे लागू नहीं किए जाने से किसानों के कई मामले लंबित हैं। किसानों का कहना है कि बड़ी संख्या में आबादी से जुड़े प्रकरणों का अभी तक समाधान नहीं हुआ है। पूर्व में किए गए प्रदर्शनों के बाद किसानों को उनकी मांगों के समाधान का आश्वासन दिया गया था, लेकिन कई मुद्दों पर अभी शासन स्तर से निर्णय नहीं हुआ है। किसान नेताओं के अनुसार, उनकी कई मांगें प्राधिकरण बोर्ड से अनुमोदित होकर शासन को भेजी जा चुकी हैं, लेकिन उन पर अंतिम निर्णय का इंतजार है।

किसान संगठनों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक प्राधिकरण कार्यालय पर दिन में धरना जारी रखा जाएगा। प्रदर्शन के दौरान किसानों और पुलिस के बीच प्राधिकरण कार्यालय में प्रवेश को लेकर स्थिति बनी, हालांकि बाद में किसान वापस लौट गए। अब किसानों ने आगे भी आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है। किसानों का कहना है कि लंबित आबादी और भूमि अधिग्रहण से जुड़े मामलों का जल्द समाधान किया जाना चाहिए। वहीं, लगातार धरने के फैसले के बाद आने वाले दिनों में प्राधिकरण कार्यालय के आसपास सुरक्षा व्यवस्था और किसान आंदोलन को लेकर प्रशासन की सक्रियता बढ़ सकती है।