गाजियाबाद में लिवर फटने से ऑटो चालक की हुई थी मौत, चौकी प्रभारी निलंबित
- sakshi choudhary
- 11 Jan, 2023
गाजियाबाद। ऑटो चालक धर्मपाल की मौत लिवर, गुर्दा व तिल्ली फटने से हुई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से इसकी जानकारी हुई है, हालांकि विसरा सुरक्षित रखा गया है। पुलिस उपायुक्त ट्रांस हिंडन डा. दीक्षा शर्मा ने मामले में नामजद कनावनी पुलिस चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक अमित कुमार को मंगलवार को निलंबित कर दिया।
दो सिपाही लाइन हाजिर किए गए हैं। मजिस्ट्रियल जांच के लिए पुलिस आयुक्त को रिपोर्ट भेज दी। डा. अनिल विश्वकर्मा, डा. नीरज और डा. डीके वर्मा के पैनल ने रविवार रात में धर्मपाल यादव के शव का पोस्टमार्टम किया। उसकी वीडियोग्राफी कराई गई।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में धर्मपाल के शरीर पर कोई भी बाहरी चोट के निशान नहीं मिले। सिर्फ पैर के दोनों घुटनों पर खरोंच थी। लिवर, गुर्दा और तिल्ली फटी थी। इन्हीं तीनों अंगों के फटने से उनकी मौत हुई थी। प्रकरण काफी चर्चित होने के कारण पुलिस ने विसरा भी सुरक्षित रखा है, ताकि जरूरत पड़ने पर भविष्य में इसका प्रयोग किया जा सके।
चोट लगने का कारण पता करना कठिन
पुलिस का कहना है कि किसी भारी वस्तु से दबने से ऐसा होता है कि शरीर के बाहरी हिस्सों में चोट के निशान नहीं होते हैं। एक घंटे चला पोस्टमार्टम सोमवार रात में 12 से एक बजे तक धर्मपाल यादव के शव का पोस्टमार्टम हुआ। रात में ही पुलिस ने उसके शव को गृह जनपद कासगंज भेजवा दिया।
बता दें कि ग्राम नागला थाना बांसगांव जिला कासगंज के 28 वर्षीय धर्मपाल यादव यहां कनावनी में किराए पर रहते थे। वह ऑटो चलाकर अपना जीवनयापन करते थे। रविवार रात कनावनी पुश्ता पर उनकी ऑटो से साइकिल सवार की टक्कर हुई थी। पुलिस उन्हें कनावनी पुलिस चौकी लाई थी। रात में एक बजे छोड़ा था। सोमवार सुबह करीब साढ़े छह बजे उनकी मौत हो गई थी। स्वजन ने पुलिस की पिटाई से मौत होने का आरोप लगाकर करीब साढ़े आठ घंटे तक प्रदर्शन किया था।