Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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जेवर एयरपोर्ट को मिला एयरोड्रोम लाइसेंस, जल्द हो सकता है उद्घाटन का ऐलान

उत्तर प्रदेश के लिए आज एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है। लंबे समय से प्रतीक्षित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) को एयरोड्रोम लाइसेंस जारी कर दिया गया है। इस लाइसेंस के मिलने के साथ ही एयरपोर्ट के संचालन का रास्ता लगभग साफ हो गया है और अब जल्द ही इसके उद्घाटन की तारीख का आधिकारिक ऐलान भी किया जा सकता है। एयरोड्रोम लाइसेंस मिलने का मतलब है कि एयरपोर्ट के रनवे, सुरक्षा मानक, एयर ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम और अन्य तकनीकी व्यवस्थाएं निर्धारित अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरी उतर चुकी हैं। इससे यह संकेत मिलता है कि जेवर एयरपोर्ट अब उड़ानों के संचालन के लिए लगभग पूरी तरह तैयार है।
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उत्तर प्रदेश के लिए आज एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है। लंबे समय से प्रतीक्षित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) को एयरोड्रोम लाइसेंस जारी कर दिया गया है। इस लाइसेंस के मिलने के साथ ही एयरपोर्ट के संचालन का रास्ता लगभग साफ हो गया है और अब जल्द ही इसके उद्घाटन की तारीख का आधिकारिक ऐलान भी किया जा सकता है। एयरोड्रोम लाइसेंस मिलने का मतलब है कि एयरपोर्ट के रनवे, सुरक्षा मानक, एयर ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम और अन्य तकनीकी व्यवस्थाएं निर्धारित अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरी उतर चुकी हैं। इससे यह संकेत मिलता है कि जेवर एयरपोर्ट अब उड़ानों के संचालन के लिए लगभग पूरी तरह तैयार है।


नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को देश के सबसे बड़े और आधुनिक एयरपोर्ट्स में शामिल करने की योजना है। पहले चरण में यहां से घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों तरह की उड़ानों का संचालन शुरू होगा। आने वाले समय में इसका विस्तार कर इसे एशिया के प्रमुख एविएशन हब के रूप में विकसित करने की रणनीति बनाई गई है। इस एयरपोर्ट के शुरू होने से दिल्ली-एनसीआर को दूसरा बड़ा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट मिलेगा, जिससे इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर पड़ने वाला दबाव भी कम होने की उम्मीद है और यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी मिल सकेगी।


जेवर एयरपोर्ट के संचालन से ग्रेटर नोएडा, नोएडा, जेवर और पूरे यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को बड़ा बढ़ावा मिलने की संभावना है। इस परियोजना से लाखों रोजगार के अवसर पैदा हो सकते हैं, साथ ही लॉजिस्टिक्स और कार्गो हब के रूप में भी यह क्षेत्र तेजी से विकसित होगा। पर्यटन और निवेश के नए अवसर खुलेंगे, जिससे उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार की प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में शामिल यह एयरपोर्ट प्रदेश को एक नए एविएशन हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

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