Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
BREAKING NEWS
● ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के आउटसोर्स कर्मचारियों का अल्टीमेटम, सोमवार तक समाधान नहीं तो मंगलवार से अनिश्चितकालीन धरना ● ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत GNIOT MBA संस्थान में पौधारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश ● ग्रेटर नोएडा में बेटियों की पढ़ाई को मिलेगा नया ठिकाना, बिसरख में बनेगा पहला कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय ● कुलगाम आतंकी हमला: नाम पूछकर दो प्रवासी मजदूरों की हत्या, TRF ने ली जिम्मेदारी, घाटी में बढ़ी दहशत ● ग्रेटर नोएडा के ईकोटेक-3 में जगमगाया विकास: 21 हाईमास्ट और 450 एलईडी स्ट्रीट लाइट का शुभारंभ, सुरक्षा और उद्योगों को मिलेगा बड़ा फायदा ● ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के दो अधिकारी सेवानिवृत्त, सम्मान के साथ दी गई विदाई ● GNIDA में आउटसोर्स टेक्निकल सुपरवाइजरों का विरोध, JE स्तर का काम लेकिन अधिकार नहीं ● Cyber Crime: मुनाफे के लालच में रिटायर्ड नेवी अफसर से 2.23 करोड़ की ठगी ● अखिलेश यादव के सीएम बनने की कामना, 201 लीटर गंगाजल की कांवड़ लेकर निकले बॉबी यादव ● ताहिर हुसैन समेत पांच दोषियों को उम्रकैद, IB अधिकारी अंकित शर्मा हत्याकांड में कोर्ट का बड़ा फैसला

यूपी पंचायत चुनाव 2026: Allahabad High Court में सुनवाई टली, State Election Commission से मांगा गया time-bound schedule

उत्तर प्रदेश में UP Panchayat Election 2026 को समय पर कराने की मांग को लेकर Allahabad High Court में चल रही सुनवाई बुधवार को टल गई। अब इस मामले की अगली hearing अगले सप्ताह होगी।
top-news

उत्तर प्रदेश में UP Panchayat Election 2026 को समय पर कराने की मांग को लेकर Allahabad High Court में चल रही सुनवाई बुधवार को टल गई। अब इस मामले की अगली hearing अगले सप्ताह होगी। यह याचिका पंचायतों के कार्यकाल समाप्त होने से पहले चुनाव प्रक्रिया पूरी कराने से जुड़ी है, जिससे राज्य में चुनावी तैयारियों को लेकर uncertainty बनी हुई है।


इस मामले में अधिवक्ता और सामाजिक कार्यकर्ता इम्तियाज हुसैन ने याचिका दायर कर कहा है कि ग्राम पंचायतों की पहली बैठक 27 मई 2021 को हुई थी और संवैधानिक प्रावधानों के तहत उनका कार्यकाल 26 मई 2026 को समाप्त हो रहा है। ऐसे में नियम के अनुसार नई पंचायतों का गठन समय से पहले हो जाना चाहिए। लेकिन State Election Commission की तैयारियों में देरी के कारण चुनाव समय पर होने को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।

पिछली सुनवाई में जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस सिद्धार्थ नंदन की खंडपीठ ने State Election Commission को निर्देश दिया था कि वह 26 मई 2026 तक चुनाव प्रक्रिया पूरी करने की स्थिति स्पष्ट करे और एक time-bound schedule के साथ हलफनामा दाखिल करे। साथ ही मतदाता सूची में देरी को लेकर भी सवाल उठे हैं, जिसे अब 15 अप्रैल 2026 तक बढ़ा दिया गया है। कोर्ट ने राज्य सरकार को भी निर्देश दिया है कि अगली सुनवाई में महाधिवक्ता या अपर महाधिवक्ता उपस्थित होकर अपना पक्ष रखें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *