Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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दादरी तहसील में किसानों का प्रदर्शन तेज, सरकारी जमीनों पर कब्जों और लुहारली टोल के मुद्दे पर भारतीय किसान यूनियन मंच ने सौंपा ज्ञापन

ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में किसानों की समस्याओं और सरकारी जमीनों पर कथित अवैध कब्जों को लेकर भारतीय किसान यूनियन मंच ने दादरी तहसील पहुंचकर एसडीएम दादरी को ज्ञापन सौंपा।
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ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में किसानों की समस्याओं और सरकारी जमीनों पर कथित अवैध कब्जों को लेकर भारतीय किसान यूनियन मंच ने दादरी तहसील पहुंचकर एसडीएम दादरी को ज्ञापन सौंपा। संगठन के राष्ट्रीय महासचिव मास्टर मनमिंदर भाटी ने कहा कि पिछले तीन वर्षों से लगातार शिकायतें किए जाने के बावजूद भूमाफिया सरकारी भूमि पर कब्जा कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री के निर्देशों के बावजूद जिले में प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। किसानों ने लुहारली टोल से जुड़े मुद्दों के साथ-साथ ग्राम पंचायतों के समाप्त होने के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती अव्यवस्था पर भी चिंता जताई।


ज्ञापन में कहा गया कि ग्रेटर नोएडा के कई गांवों में जिन जमीनों का पूर्ण अधिग्रहण नहीं हुआ है, वहां कुछ किसानों की सहमति के आधार पर भूमि ली गई, लेकिन प्राधिकरण द्वारा विकास कार्य नहीं कराए जा रहे हैं। किसानों का आरोप है कि एलएमसी और अन्य सरकारी भूमि, सड़क, भवन तथा रेलवे संपत्तियों पर लगातार अवैध कॉलोनियां विकसित की जा रही हैं। संगठन का कहना है कि इन जमीनों का उपयोग खेल मैदान, बारात घर, चिकित्सालय, पुस्तकालय, ओपन जिम, तालाब, हरित क्षेत्र और भूमिहीन गरीब परिवारों के पुनर्वास जैसे सार्वजनिक कार्यों के लिए होना चाहिए था। श्यौराजपुर, खोदना कला, तिलपता, खेड़ी, भनौता, सुनपुरा, डेरीन स्कैनर, डेरी मच्छा, बैदपुर, जानसिवाना, कैलाशपुर और रूपवास सहित करीब 10 से 15 गांवों में ऐसी स्थिति बताई गई है।

भारतीय किसान यूनियन मंच ने विशेष रूप से खोदना कला, तिलपता, खेड़ी, भनौता और सुनपुरा गांवों की सरकारी जमीनों की उच्च स्तरीय जांच कराकर अतिक्रमण हटाने की मांग की है। संगठन ने आरोप लगाया कि वर्तमान जांच प्रक्रिया संतोषजनक नहीं है और तहसील स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो संगठन और ग्रामीण धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। इस दौरान राजवीर प्रधान, सुनील भाटी, अक्षय मुखिया, कृष्ण भड़ाना, विक्रान्त भाटी, प्रिंस भाटी, हाजी निजाम, अमित प्रधान, अजब सिंह भाटी, विकास रूपवास, अब्दुल कादिर, दानिश खान, सागर नंबरदार, अनुज भनौता, सतीश प्रधान खेड़ी, डाक्टर मोहसिन, वंश यादव, अन्नू सरपंच, आस मोहम्मद, रोबिन जाटव, विशाल ठाकुर, नितिश कसाना, मनीष नागर, मनोज प्रधान सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।