ग्रेटर नोएडा में 1.07 किलो संदिग्ध मादक पदार्थ के साथ दो विदेशी नागरिक गिरफ्तार, महिला भी शामिल
- sakshi choudhary
- 25 Aug, 2026
ग्रेटर नोएडा में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। थाना सूरजपुर पुलिस और अभिसूचना इकाई की संयुक्त टीम ने महिला समेत दो विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के कब्जे से करीब 1.07 किलोग्राम सफेद पाउडर बरामद हुआ है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई गई है। इसके अलावा चार मोबाइल फोन, दो इलेक्ट्रॉनिक तराजू, एक काला बैग और पैकिंग के लिए चार पॉलीथिन पैकेट भी बरामद किए गए हैं। पुलिस को गोपनीय सूचना मिली थी कि गांव भूड़ा में स्टेडियम के सामने स्थित एक मकान में विदेशी नागरिकों के पास मादक पदार्थ मौजूद है। सूचना के आधार पर टीम ने मौके पर पहुंचकर दोनों को हिरासत में लिया और तलाशी के दौरान सफेद पाउडर बरामद किया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान साबी जोएल, निवासी याउंडे, कैमरून, उम्र करीब 32 वर्ष और अमादा लतीफा, निवासी डेल्टा स्टेट, अगबोर, नाइजीरिया, उम्र करीब 33 वर्ष के रूप में हुई है। बरामद सफेद पाउडर को जांच के लिए भेजा जाएगा और जांच रिपोर्ट के बाद ही उसमें मौजूद प्रतिबंधित पदार्थ और उसकी वास्तविक प्रकृति की आधिकारिक पुष्टि होगी। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपी मौके पर अपना पासपोर्ट प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद अभिसूचना इकाई के माध्यम से संबंधित दूतावास को मामले की जानकारी दी जा रही है। पुलिस अब आरोपियों के भारत में प्रवेश, उनके ठहरने और दस्तावेजों से जुड़ी जानकारी की भी जांच कर रही है। चार मोबाइल फोन की जांच के जरिए पुलिस कथित तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
मामले में थाना सूरजपुर में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के साथ-साथ आव्रजन और विदेशी अधिनियम की संबंधित धाराओं में कार्रवाई की गई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद संदिग्ध मादक पदार्थ आरोपियों के पास कहां से पहुंचा और इसे आगे किसे सप्लाई किया जाना था। इलेक्ट्रॉनिक तराजू और पैकिंग सामग्री की बरामदगी को भी जांच का अहम हिस्सा माना जा रहा है। पुलिस आरोपियों के मोबाइल फोन, संपर्कों और अन्य डिजिटल जानकारी की जांच कर संभावित नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है। मामले में आगे की जांच के बाद ही तस्करी के पूरे नेटवर्क और बरामद पदार्थ की प्रकृति को लेकर स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।