ग्रेटर नोएडा के लाखों लोगों को बड़ी राहत, 130 मीटर रोड फ्लाईओवर का ट्रायल शुरू
- sakshi choudhary
- 09 Jun, 2026
ग्रेटर नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट के लाखों निवासियों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। 130 मीटर चौड़ी सड़क पर तिलपता और मकोड़ा गोलचक्कर के बीच बन रहे बहुप्रतीक्षित फ्लाईओवर का ट्रायल शुरू कर दिया गया है। लंबे समय से इस परियोजना का इंतजार कर रहे लोगों के लिए यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। प्राधिकरण और निर्माण एजेंसियों द्वारा फ्लाईओवर के अंतिम परीक्षण किए जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार यदि सभी परीक्षण सफल रहते हैं तो 15 जून से इस फ्लाईओवर को आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। इससे क्षेत्र में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में बड़ी मदद मिलेगी और रोजाना सफर करने वाले लाखों लोगों को राहत मिलेगी।
करीब छह वर्षों से निर्माणाधीन यह फ्लाईओवर ग्रेटर नोएडा वेस्ट और ग्रेटर नोएडा ईस्ट के बीच कनेक्टिविटी को मजबूत करेगा। वर्तमान में मकोड़ा गोलचक्कर और तिलपता चौराहे के आसपास वाहन चालकों को भारी ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ता है। सुबह और शाम के व्यस्त समय में हजारों वाहन यहां लंबे समय तक फंसे रहते हैं, जिससे लोगों का समय और ईंधन दोनों बर्बाद होते हैं। फ्लाईओवर के शुरू होने के बाद वाहन चालकों को बार-बार सिग्नल और गोलचक्कर पर रुकना नहीं पड़ेगा। इससे यात्रा का समय कम होगा और यातायात का दबाव भी काफी हद तक घटेगा। विशेष रूप से गौर सिटी, नोएडा एक्सटेंशन, एकोटेक, सूरजपुर, तिलपता और आसपास के सेक्टरों में रहने वाले लोगों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।
फ्लाईओवर के चालू होने से अंडरपास और आसपास की सड़कों पर ट्रैफिक का भार कम होने की उम्मीद है। बरसात के मौसम में जलभराव के कारण होने वाली परेशानियों से भी कुछ हद तक राहत मिल सकती है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह क्षेत्र की सबसे महत्वपूर्ण यातायात परियोजनाओं में से एक है और इसके पूरा होने से ग्रेटर नोएडा की सड़क व्यवस्था में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। वर्षों के इंतजार के बाद अब यह परियोजना अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। यदि ट्रायल पूरी तरह सफल रहता है तो 15 जून से लाखों लोगों का सफर पहले की तुलना में अधिक तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक हो जाएगा, जिससे क्षेत्र के विकास और कनेक्टिविटी को भी नई गति मिलेगी।
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